Jamshedpur:रांची में डेंटल छात्रा से जुड़े कथित दुष्कर्म मामले ने अब राजनीतिक और सामाजिक हलकों में गंभीर चिंता पैदा कर दी है। जमशेदपुर पूर्वी के विधायक सरयू राय ने इस मामले को महज एक आपराधिक घटना मानने से इनकार करते हुए व्यापक जांच की मांग उठाई है।
सरयू राय ने कहा कि यह मामला केवल एक आरोपी या एक घटना तक सीमित नहीं होना चाहिए। उनके अनुसार, इसके पीछे एक संगठित नेटवर्क सक्रिय होने की आशंका है, जिसकी गहराई से जांच जरूरी है। उन्होंने रांची के वरीय पुलिस अधीक्षक द्वारा दिए गए आश्वासन का उल्लेख करते हुए कहा कि दोषियों और साजिशकर्ताओं को सख्त सजा दिलाने की बात कही गई है, लेकिन केवल गिरफ्तारी से न्याय अधूरा रहेगा।
विधायक राय ने दावा किया कि उन्हें मिली विश्वसनीय सूचनाओं के अनुसार शैक्षणिक क्षेत्रों में एक ऐसा गिरोह सक्रिय है, जो छात्राओं को फंसाने के बाद उन्हें ब्लैकमेल करने के लिए फोटो और वीडियो का इस्तेमाल करता है। उन्होंने आशंका जताई कि इस नेटवर्क में पहले से प्रभावित कुछ लड़कियों को भी शामिल किया जा सकता है, जो दबाव में आकर इस चक्र का हिस्सा बन जाती हैं।
उनका कहना है कि पीड़िता के साहसिक विरोध के कारण आरोपी पकड़ में आए, लेकिन यह केवल सतह पर दिखने वाला हिस्सा है। असली चुनौती इस पूरे नेटवर्क और इसके संचालकों तक पहुंचने की है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए सरयू राय ने सरकार से मांग की है कि या तो एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया जाए या फिर जांच को केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) को सौंपा जाए। उनका तर्क है कि निष्पक्ष और व्यापक जांच के बिना न तो पूरे गिरोह का खुलासा हो सकेगा और न ही अन्य संभावित पीड़िताओं को न्याय मिल पाएगा।
यह मामला अब कानून-व्यवस्था के साथ-साथ छात्राओं की सुरक्षा और शैक्षणिक संस्थानों में बढ़ते अपराध के खतरे की ओर भी संकेत करता है। सरयू राय की मांग ने जांच एजेंसियों पर दबाव बढ़ा दिया है कि वे केवल तात्कालिक कार्रवाई से आगे बढ़कर पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश करें।










