Jamshedpur : पूर्वी सिंहभूम जिले में सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) के अंतर्गत राशन आवंटन और वितरण व्यवस्था पिछले लगभग 12 दिनों से गंभीर तकनीकी समस्याओं का सामना कर रही है। इससे जिले के राशन डीलरों के साथ-साथ हजारों राशन कार्डधारियों को भी भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इस संबंध में फेयर प्राइस शॉप डीलर्स एसोसिएशन, झारखंड, पूर्वी सिंहभूम इकाई ने उपायुक्त को ज्ञापन सौंपकर तत्काल समाधान की मांग की है।
डीलरों का कहना है कि राशन आवंटन से संबंधित ऑनलाइन सिस्टम और सर्वर में लगातार तकनीकी खराबी बनी हुई है, जिसके कारण समय पर राशन आवंटन और वितरण संभव नहीं हो पा रहा है। कई राशन दुकानों का कामकाज प्रभावित हो गया है और लाभुकों को राशन लेने के लिए बार-बार दुकानों का चक्कर लगाना पड़ रहा है।

एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने बताया कि इस समस्या को लेकर 12 जून को भी उपायुक्त को ज्ञापन सौंपा गया था, लेकिन अब तक स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ है। लगातार सर्वर बाधित रहने के कारण राशन वितरण व्यवस्था लगभग चरमरा गई है।
डीलरों के अनुसार राज्य सरकार द्वारा 24 जून तक सभी पात्र लाभुकों को राशन आवंटन सुनिश्चित करने तथा धोती-साड़ी योजना का वितरण पूरा करने का निर्देश दिया गया है। लेकिन सर्वर की खराब स्थिति के कारण इन निर्देशों का पालन करना बेहद मुश्किल हो गया है।
उन्होंने बताया कि प्रतिदिन सुबह लगभग 10 बजे तक किसी तरह सर्वर काम करता है, लेकिन उसके बाद या तो पूरी तरह बंद हो जाता है अथवा अत्यधिक धीमा पड़ जाता है। इससे ऑनलाइन आवंटन, डेटा अपडेट और ई-पॉस मशीनों के माध्यम से वितरण की प्रक्रिया प्रभावित हो रही है।
डीलरों का कहना है कि इस समस्या का सीधा असर आम लोगों पर पड़ रहा है। लाभुकों को समय पर राशन नहीं मिल रहा है, जबकि दूसरी ओर सरकार द्वारा निर्धारित समय-सीमा का दबाव भी डीलरों पर बना हुआ है। ऐसे में उन्हें लाभुकों की नाराजगी और प्रशासनिक दबाव दोनों का सामना करना पड़ रहा है।
फेयर प्राइस शॉप डीलर्स एसोसिएशन ने जिला प्रशासन से मांग की है कि राशन आवंटन प्रणाली में आ रही तकनीकी खामियों को तत्काल दूर किया जाए तथा सर्वर को सुचारु रूप से संचालित करने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएं। साथ ही उन्होंने मांग की कि जब तक तकनीकी समस्याएं पूरी तरह समाप्त नहीं हो जातीं, तब तक राशन एवं धोती-साड़ी वितरण की समय-सीमा में उचित विस्तार दिया जाए।
डीलरों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो जिले की राशन वितरण व्यवस्था और अधिक प्रभावित हो सकती है, जिससे हजारों गरीब एवं जरूरतमंद परिवारों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने प्रशासन से मामले में तत्काल हस्तक्षेप कर प्रभावी कार्रवाई करने की अपील की है।








