Guwa: गुवा क्षेत्र के हिरजीहाटिंग गांव में झारखंड सरकार की महत्वाकांक्षी ‘जल मिशन योजना’ जमीनी स्तर पर पूरी तरह विफल साबित होती नजर आ रही है। ग्रामीणों के अनुसार, करीब चार साल पहले बड़े उत्साह के साथ शुरू की गई यह योजना आज भी सिर्फ कागजों तक सिमटी हुई है।
जानकारी के मुताबिक, वर्ष 2022 में सोलर आधारित एकल ग्रामीण जलापूर्ति योजना के तहत गांव में एक जल मीनार का निर्माण कराया गया था। इसका उद्देश्य हर घर तक शुद्ध पेयजल पहुंचाना था, लेकिन हैरानी की बात यह है कि निर्माण के चार साल बीत जाने के बावजूद आज तक इस जल मीनार से एक बूंद भी पानी की आपूर्ति नहीं हो सकी है।
ग्रामीणों का आरोप है कि योजना का लाभ उन्हें नहीं मिल रहा है और यह पूरी तरह निष्क्रिय पड़ी हुई है। खासकर गांव की महिलाओं में इसको लेकर भारी नाराजगी देखी गई। महिलाओं ने विरोध प्रदर्शन करते हुए कहा कि सरकार ने “हर घर जल” का वादा किया था, लेकिन अब तक न तो पाइपलाइन बिछाई गई और न ही जलापूर्ति शुरू की गई है।
पानी की किल्लत से जूझ रहे ग्रामीणों को आज भी रोजमर्रा की जरूरतों के लिए दूर-दराज के स्रोतों पर निर्भर रहना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि यह योजना भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ चुकी है और जिम्मेदार अधिकारी इस दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठा रहे हैं।
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि योजना को जल्द से जल्द चालू किया जाए और इसमें लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि हिरजीहाटिंग के लोगों को भी शुद्ध पेयजल का लाभ मिल सके।











