जमशेदपुर: दिल्ली में छात्रों के प्रदर्शन और संसद घेराव की घटना पर समाजवादी चिंतक एवं अधिवक्ता सुधीर कुमार पप्पू ने केंद्र सरकार की कार्यशैली की आलोचना करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से इस्तीफे की मांग की है।
जारी बयान में सुधीर कुमार पप्पू ने दावा किया कि संसद के बाहर छात्रों के प्रदर्शन के दौरान प्रधानमंत्री को सुरक्षा कारणों से संसद के पिछले द्वार से निकलना पड़ा। उन्होंने कहा कि यदि देश के प्रधानमंत्री को संसद परिसर में भी असुरक्षा महसूस होती है, तो यह गंभीर विषय है।
उन्होंने प्रदर्शनकारी छात्रों पर हुए कथित लाठीचार्ज और आंसू गैस के इस्तेमाल की निंदा करते हुए आरोप लगाया कि इस कार्रवाई में कई छात्र घायल हुए और कुछ बेहोश भी हो गए। उन्होंने कहा कि छात्रों की आवाज को बल प्रयोग से दबाने का प्रयास लोकतांत्रिक मूल्यों के अनुरूप नहीं है।
सुधीर कुमार पप्पू ने कहा कि यदि सरकार छात्रों की मांगों पर गंभीरता से विचार नहीं करती और प्रधानमंत्री नैतिक जिम्मेदारी नहीं लेते, तो देशभर में छात्र आंदोलन और तेज हो सकता है। उन्होंने केंद्र सरकार से छात्रों की समस्याओं का लोकतांत्रिक तरीके से समाधान निकालने की अपील की।
















