Jamshedpur : झारखंड सरकार की पूर्व मंत्री सह विधायक डॉ. नीरा यादव ने जमशेदपुर दौरे के दौरान वृद्धा, विधवा और दिव्यांग पेंशन में देरी को लेकर राज्य सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि मंईयां सम्मान योजना अच्छी पहल है, लेकिन सरकार को सामाजिक सुरक्षा की अन्य योजनाओं पर भी समान गंभीरता दिखानी चाहिए।
डॉ. यादव ने कहा कि जिन लोगों के पास कमाई का कोई साधन नहीं है और जो अपनी रोजमर्रा की जरूरतों के लिए पेंशन पर निर्भर हैं, उन्हें राशि समय पर नहीं मिलना चिंताजनक है। उन्होंने कहा कि उनके पास लगातार ऐसे लाभुक पहुंचते हैं और पेंशन की राशि खाते में नहीं आने की शिकायत करते हैं।
उन्होंने कहा कि महिलाओं को आर्थिक सहायता देना जरूरी है, लेकिन वृद्ध, विधवा और दिव्यांग लोगों की जरूरतों को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। सरकार को प्राथमिकता तय कर जरूरतमंदों की पेंशन व्यवस्था को मजबूत करना चाहिए।
पूर्व मंत्री ने राज्य में बालू और खनन से जुड़ी अनियमितताओं के साथ शिक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठाए। उन्होंने प्रतियोगी परीक्षाओं में प्रश्नपत्र लीक होने की शिकायतों का जिक्र करते हुए कहा कि इससे मेहनत करने वाले विद्यार्थियों का भविष्य प्रभावित होता है और व्यवस्था के प्रति उनका भरोसा टूटता है।
उन्होंने सरकार से पेंशन राशि समय पर लाभुकों के खाते में पहुंचाने, शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने और प्रतियोगी परीक्षाओं को पारदर्शी बनाने की मांग की। उन्होंने कहा कि सरकारी योजनाओं में प्राथमिकता उन लोगों को मिलनी चाहिए, जिन्हें वास्तव में आर्थिक सहायता की सबसे अधिक जरूरत है।
















