Jamshedpur : दिसोम जाहेरथान, कोरोनडीह में गुरुवार को माझी पारगना माहाल की पारंपरिक स्वशासन व्यवस्था के धाड़ कुचूं बारहा पातकोम आर सिंञ दिशोम के पारगना बाबा, माझी, नायके, पारानिक, गोडेत एवं सामाजिक बुद्धिजीवियों की महत्वपूर्ण बैठक हुई। बैठक की अध्यक्षता देश पारगना बाबा बैजू मुर्मू ने की। बैठक आगामी 6 सितंबर 2026 को प्रस्तावित धोरोम सम्मेलन की तैयारियों को लेकर आयोजित की गई थी।
बैठक में आदिवासी संथाल समुदाय की धार्मिक व्यवस्था में प्रचलित रीति-रिवाज और पूजा पद्धति को संरक्षित करने तथा नई पीढ़ी को अपनी धार्मिक एवं सांस्कृतिक परंपराओं के प्रति जागरूक करने पर विस्तार से चर्चा हुई। वक्ताओं ने पारंपरिक धार्मिक व्यवस्था को मजबूत करने और समाज में इसके प्रति जागरूकता बढ़ाने की आवश्यकता पर जोर दिया।
बैठक में धर्मांतरण को रोकने के लिए समाज के स्तर पर जागरूकता और प्रचार-प्रसार करने के विषय पर भी विचार-विमर्श किया गया। इसके अलावा आदिवासी समाज की पहचान और धार्मिक धरोहरों से जुड़े मारांग बुरु, लुगुबुरु, राजरापा और तुपुनाई घाट जैसे स्थलों के संरक्षण एवं सुरक्षा की दिशा में पहल करने पर चर्चा हुई।
धोरोम सम्मेलन को सफल बनाने के लिए कोल्हान क्षेत्र के विभिन्न इलाकों से जुड़े पारगना बाबाओं को विशेष जिम्मेदारी सौंपी गई। आयोजकों के अनुसार सम्मेलन में कोल्हान के अलावा ओडिशा, पश्चिम बंगाल, हजारीबाग, रामगढ़, बोकारो और संथाल परगना से सामाजिक प्रतिनिधियों के शामिल होने की संभावना है।
बैठक में बारहा दिशोम देश पारगना बाबा कमलाकांत मुर्मू, पारगना बाबा दसमत हांसदा, पुन्ता मुर्मू, लखन मार्डी, युवराज टुडू, दुर्गा चरण मुर्मू, नवीन मुर्मू, सुनील सोरेन, बिंदे सोरेन, गुम्दा मार्डी, रामराय हांसदा, सुरेंद्र टुडू, बीरेन टुडू, गोपाल हांसदा, सुखराम किस्कू, शास्त्री हेंब्रोम, हबिराम मुर्मू, भगवत मार्डी, जितेन हेंब्रोम, सागेन हांसदा, बिरसिंह बास्के, शंकर हेंब्रोम, विश्वनाथ मार्डी, सालखू सोरेन, जितु मुर्मू, बिपिन चंद्र मुर्मू, जगदीश बास्के, गोपी हांसदा, दिवाकर टुडू, प्रदीप बेसरा, सुधीर टुडू, लेदेम मुर्मू, कारु मुर्मू और राम हांसदा समेत बड़ी संख्या में समाज के लोग उपस्थित रहे।
बैठक के दौरान सम्मेलन की तैयारियों को अंतिम रूप देने, अधिक से अधिक सामाजिक प्रतिनिधियों की भागीदारी सुनिश्चित करने तथा संथाल समाज की धार्मिक एवं सांस्कृतिक परंपराओं को संरक्षित करने के लिए सामूहिक प्रयास करने पर सहमति बनी।

















