‘झारखंड से भारत’ संवाद, उद्यमिता को नई दिशा देने पर उच्चस्तरीय मंथन

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Jamshedpur : झारखंड में उद्यमिता और स्टार्टअप इकोसिस्टम को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के तहत नवाचार रिसर्च इन्क्यूबेशन एंड इनोवेशन काउंसिल (NRIIC) द्वारा “झारखंड से भारत” विषय पर एक उच्चस्तरीय संवाद का आयोजन किया जा रहा है। यह कार्यक्रम कॉन्स्टिट्यूशन क्लब ऑफ इंडिया, नई दिल्ली में आयोजित होगा।

इस संवाद में झारखंड एवं पूर्वी भारत से जुड़े उद्यमी, निवेशक, इनक्यूबेटर लीडर्स और नीति विशेषज्ञ भाग ले रहे हैं। कार्यक्रम का उद्देश्य राज्य में पूंजी निवेश, मार्गदर्शन और संस्थागत सहयोग को बढ़ावा देना तथा झारखंड को राष्ट्रीय उद्यमिता मानचित्र पर सशक्त पहचान दिलाना है।
झारखंड को उद्यमिता का केंद्र बनाने पर जोर।

संवाद के दौरान वक्ताओं ने कहा कि झारखंड ने देश को कई प्रतिभाशाली उद्यमी और पेशेवर दिए हैं, जिन्होंने महानगरों में जाकर सफल व्यवसाय स्थापित किए। अब आवश्यकता है कि यही अनुभव, निवेश और नेतृत्व पुनः झारखंड से जुड़े, ताकि राज्य के स्थानीय युवाओं को अवसर मिल सके और पलायन रुके।

कार्यक्रम में पूर्वी भारत उद्यमिता कॉरिडोर की परिकल्पना पर भी विस्तार से चर्चा हुई, जिसमें झारखंड को पायलट राज्य के रूप में विकसित करने की योजना है। इस कॉरिडोर का उद्देश्य अगले तीन वर्षों में एक मजबूत, टिकाऊ और समावेशी स्टार्टअप इकोसिस्टम तैयार करना है।

इन प्रमुख मुद्दों पर हुआ मंथन

झारखंड में स्टार्टअप्स के लिए निवेश एवं मेंटरशिप की संभावनाएं

प्राथमिक क्षेत्रों और उभरते अवसरों की पहचान

टियर-2 और टियर-3 शहरों में उद्यमिता को बढ़ावा देने के उपाय

नीति एवं संस्थागत सहयोग की आवश्यकता

देशभर से पहुंचे उद्यमिता जगत के दिग्गज

कार्यक्रम में देश के जाने-माने उद्यमी, निवेशक और इकोसिस्टम लीडर्स शामिल हुए। इनमें बुक माई जेट के सीईओ संतोष शर्मा, यूक्लीन के संस्थापक अरुणाभ सिन्हा, एआईसी-बिमटेक के सीईओ सूर्यकांत, गूगल के अंशुल कुमार, नीति आयोग के हिमांशु जोशी, स्टार्टअप इंडिया की पूर्व वरिष्ठ एवीपी शिवांगी जैन, रनवे इन्क्यूबेटर यूपीईएस के सीईओ विजय वीर सिंह सहित कुल 30 से अधिक विशेषज्ञों ने अपने विचार साझा किए।

झारखंड को होगा बहुआयामी लाभ

NRIIC की भूमिका और जमीनी स्तर पर किए जा रहे प्रयास

वक्ताओं ने कहा कि इस तरह की पहल से झारखंड में निवेश का माहौल बेहतर होगा, स्थानीय युवाओं को उद्यमिता के नए अवसर मिलेंगे और राज्य को नवाचार-आधारित समावेशी विकास मॉडल के रूप में स्थापित किया जा सकेगा। कार्यक्रम का उद्देश्य इस संवाद को दीर्घकालिक सहयोग और ठोस कार्ययोजनाओं में बदलना है, ताकि झारखंड भारत की उद्यमिता यात्रा में मजबूती से जुड़ सके।

यह जानकारी औपचारिक रूप से अमर नाथ सिंह, निदेशक, नवाचार रिसर्च इन्क्यूबेशन एंड इनोवेशन काउंसिल ने साझा की। इस अवसर पर संतोष शर्मा (सीईओ, बुक माई जेट), अभिषेक कुमार (संस्थापक, ज़ॉक्सोडे) और सागर चाना (उद्यमी) भी उपस्थित रहे।

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