Jamshedpur : पोटका प्रखंड के डोमजूरी पंचायत स्थित राजदोहा आंगनबाड़ी केंद्र में मुखिया Anita Murmu की अध्यक्षता में एक जागरूकता सभा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में आंगनबाड़ी केंद्र की सेविका, सहायिका तथा जेएसएलपीएस (JSLPS) से जुड़ी महिला सदस्य बड़ी संख्या में उपस्थित रहीं।
सभा को संबोधित करते हुए मुखिया अनीता मुर्मू ने उन बच्चों को चिन्हित करने पर जोर दिया जो पूरी तरह से ड्रॉपआउट हैं और किसी भी शैक्षणिक केंद्र में नामांकित नहीं हैं। उन्होंने सेविका एवं सहायिका को निर्देश दिया कि ऐसे बच्चों का अविलंब आंगनबाड़ी केंद्र में नामांकन सुनिश्चित किया जाए, ताकि वे शिक्षा और पोषण से वंचित न रहें।
उन्होंने बाल विवाह जैसे गंभीर सामाजिक मुद्दे पर भी चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि कम उम्र में बेटियों की शादी करना न केवल कानूनन अपराध है, बल्कि उनके भविष्य के साथ भी खिलवाड़ है। उन्होंने अभिभावकों से इस कुरीति को समाप्त करने की अपील की।
नशा के बढ़ते प्रचलन पर भी मुखिया ने चिंता जताई। उन्होंने कहा कि नशा समाज के लिए गंभीर खतरा बनता जा रहा है और खासकर युवा पीढ़ी तेजी से इसकी चपेट में आ रही है। एक बार नशे की लत लगने के बाद उससे बाहर निकलना बेहद कठिन होता है, इसलिए समय रहते जागरूकता जरूरी है।
इस दौरान आंगनबाड़ी सेविका अंजलि मुर्मू ने केंद्र में बच्चों के गुणवत्तापूर्ण पोषण, पढ़ाई, खेलकूद, गर्भवती एवं धात्री महिलाओं की देखभाल, स्वच्छता और केंद्र के रखरखाव से संबंधित विभिन्न पहलुओं की विस्तार से जानकारी दी।
कार्यक्रम के अंत में मुखिया अनीता मुर्मू के नेतृत्व में सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ एक जागरूकता रैली भी निकाली गई, जिसमें महिलाओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।
इस अवसर पर सहायिका सुमित्रा मारडी, सीता हांसदा, संगीता मारडी, रूपी सरदार, रानी सरदार, पूजा टुडू समेत कई महिलाएं एवं ग्रामीण उपस्थित रहे।











