Saraikela : समाहरणालय सभागार में सोमवार को उप विकास आयुक्त (डीडीसी) रीना हांसदा की अध्यक्षता में आपूर्ति विभाग के अंतर्गत संचालित विभिन्न योजनाओं की विस्तृत समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस), राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (एनएफएसए), खाद्यान्न वितरण, ई-केवाईसी, आधार सीडिंग, दाल-भात योजना, डाकिया योजना, सोना-सोबरन धोती-साड़ी योजना, धान अधिप्राप्ति एवं भुगतान सहित विभिन्न योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई।
समीक्षा के दौरान जून माह में खाद्यान्न वितरण की धीमी प्रगति पर डीडीसी ने नाराजगी जताई। उन्होंने सभी प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारियों (एमओ) को खाद्यान्न उठाव एवं वितरण की नियमित निगरानी करने तथा प्रखंड विकास पदाधिकारियों (बीडीओ) को मासिक समीक्षा बैठक कर समयबद्ध वितरण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि प्रत्येक पात्र लाभुक को निर्धारित समय पर चावल, चना दाल, नमक एवं चीनी उपलब्ध कराना हर हाल में सुनिश्चित किया जाए।
डीडीसी ने ई-केवाईसी और आधार सीडिंग के लंबित मामलों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने के निर्देश दिए। इसके लिए ग्राम स्तर पर विशेष शिविर आयोजित कर शत-प्रतिशत ई-केवाईसी एवं आधार सीडिंग सुनिश्चित करने तथा तकनीकी समस्याओं का तत्काल समाधान करने को कहा गया।
बैठक में अपात्र एवं निष्क्रिय राशन कार्डधारियों की पहचान कर उनके नाम राशन कार्ड से हटाने के निर्देश भी दिए गए। इसके लिए भूमि स्वामित्व, आयकर, जीएसटी पंजीकरण, वाहन स्वामित्व सहित अन्य निर्धारित मानकों के आधार पर सत्यापन करने को कहा गया। साथ ही लंबे समय से खाद्यान्न नहीं लेने वाले लाभुकों की भी जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया।
डीडीसी ने सभी जन वितरण प्रणाली (पीडीएस) दुकानों का नियमित औचक निरीक्षण करने, वितरण में पारदर्शिता बनाए रखने तथा किसी भी प्रकार की अनियमितता मिलने पर संबंधित डीलर के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने पीजीएमएस एवं अग्रस पोर्टल पर दर्ज शिकायतों के त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण निष्पादन पर भी जोर दिया।
बैठक में नमक सहित सभी आवश्यक खाद्यान्न सामग्री की शत-प्रतिशत डोर-स्टेप डिलीवरी (डीएसडी), गोदामों में सुरक्षित भंडारण, लंबित वितरण कार्यों के शीघ्र निष्पादन तथा निर्माणाधीन गोदाम एवं बरामदों के कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए गए। खाद्यान्न की गुणवत्ता की नियमित जांच जिला स्तरीय समिति से कराने पर भी बल दिया गया।
बैठक में जिला आपूर्ति पदाधिकारी पुष्कर सिंह मुंडा, जिला सहकारिता पदाधिकारी, सभी प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी, प्रखंड सहकारिता पदाधिकारी, गोदाम प्रबंधक, राइस मिलर एवं संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।









