Jamshedpur : झारखंड आंदोलनकारी, झामुमो के पूर्व विधायक एवं वरिष्ठ नेता, दिशोम गुरु पद्मभूषण शिबू सोरेन के ज्येष्ठ पुत्र तथा मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के अग्रज स्वर्गीय दुर्गा सोरेन के 56वें जन्मदिवस पर गुरुवार को साकची स्थित झामुमो संपर्क कार्यालय में श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया।
इस दौरान झामुमो के वरिष्ठ नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने स्वर्गीय दुर्गा सोरेन के छायाचित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। कार्यकर्ताओं ने झारखंड आंदोलन में उनके योगदान, संघर्षशील व्यक्तित्व और संगठन निर्माण में निभाई गई महत्वपूर्ण भूमिका को याद किया।
दुर्गा सोरेन के विचार आज भी प्रासंगिक : शेख बदरुद्दीन
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए झामुमो केंद्रीय सदस्य शेख बदरुद्दीन ने कहा कि स्वर्गीय दुर्गा सोरेन ने अलग झारखंड राज्य के आंदोलन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में झारखंड को उनके जैसे योग्य संगठनकर्ता, जुझारू, आक्रामक शैली वाले और दूरदर्शी नेताओं की आवश्यकता है।
उन्होंने कहा कि स्वर्गीय दुर्गा सोरेन भले ही आज सशरीर हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन उनके विचार और संघर्षशील कार्यशैली आज भी प्रासंगिक हैं। उनके विचारों और कार्यशैली से प्रेरणा लेकर समाज एवं राज्यहित में कार्य करना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
केंद्र की नीतियों पर भी साधा निशाना
शेख बदरुद्दीन ने केंद्र सरकार की नीतियों का विरोध करते हुए कहा कि खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) संशोधन अधिनियम, 2026 सहित विभिन्न कानूनों के माध्यम से झारखंड के हितों को प्रभावित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि ऐसे समय में दुर्गा सोरेन जैसे जुझारू और दूरदर्शी संगठनकर्ताओं के विचारों से प्रेरणा लेने की जरूरत है।
श्रद्धांजलि कार्यक्रम में केंद्रीय सदस्य प्रमोद लाल, शैलेंद्र मैती, लालटू महतो, सरोज महापात्रा, असित मिश्रा एवं माझी बाबा बिंदे सोरेन ने भी अपने विचार रखे।
इस अवसर पर अजय रजक, मो. समद, उमानाथ झा, फैयाज अहमद खान, प्रीतम हेंब्रम, नंटू सरकार, गुरमीत सिंह गिल, इंदरपाल सिंह भाटिया, बालही मार्डी, मो. सिकंदर, डी. रवि कुमार, विष्णु नाग, गुलरेज खान, शेख शरफुद्दीन, उमेश गिरी, चंदन लाल समेत बड़ी संख्या में झामुमो कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

















