Chaibasa : पश्चिमी सिंहभूम जिले के खुंटपानी प्रखंड अंतर्गत पासेया गांव की 90 वर्षीय बुजुर्ग महिला बबिता कुई पिछले कई वर्षों से कठिन परिस्थितियों में जीवनयापन कर रही हैं। पति स्वर्गीय विजय गागराई के निधन के बाद उनकी आर्थिक स्थिति काफी दयनीय हो गई है। घर में राशन कार्ड और पेंशन पासबुक नहीं होने के कारण उन्हें सरकारी योजनाओं का लाभ भी नहीं मिल पा रहा है।
जानकारी के अनुसार, बबिता कुई के पास पहले राशन कार्ड और पेंशन पासबुक थी, लेकिन परिवार के सबसे छोटे बेटे की विवाहित बेटी कथित तौर पर दोनों दस्तावेज अपने साथ ससुराल ले गई। इसके बाद से बुजुर्ग महिला को राशन नहीं मिल पा रहा है और पेंशन की राशि भी नहीं मिल रही है।
बड़ा बेटा किसी तरह कर रहा मां की देखभाल
राशन और पेंशन का लाभ नहीं मिलने से बुजुर्ग महिला के सामने रोजमर्रा के भोजन की समस्या खड़ी हो गई है। परिवार की आर्थिक स्थिति ऐसी है कि किसी तरह एक वक्त का भोजन कर जीवनयापन करना पड़ रहा है। फिलहाल उनका बड़ा बेटा अपनी मां की देखभाल कर रहा है।
गांव के ग्रामीण मुंडा सिकुर बोदरा ने इस स्थिति की जानकारी खुंटपानी प्रखंड प्रमुख सिद्धार्थ होनहागा को देते हुए बुजुर्ग महिला की मदद की गुहार लगाई।
सूचना मिलते ही गांव पहुंचे प्रखंड प्रमुख
मामले की जानकारी मिलते ही प्रखंड प्रमुख सिद्धार्थ होनहागा पासेया गांव पहुंचे। उन्होंने बुजुर्ग महिला से मुलाकात कर उनकी स्थिति की जानकारी ली और हरसंभव मदद का आश्वासन दिया। साथ ही तत्काल राहत के तौर पर उन्हें सूखा राशन उपलब्ध कराया।
बुजुर्ग महिला को राशन कार्ड और पेंशन का लाभ दोबारा दिलाने के लिए आवश्यक पहल की उम्मीद जताई जा रही है, ताकि उन्हें सम्मानजनक जीवनयापन में सहूलियत मिल सके।
















