Jamshedpur:पूर्वी भारत के स्टार्टअप इकोसिस्टम को नई रफ्तार देते हुए जमशेदपुर में आयोजित “ईस्ट इंडिया स्टार्टअप प्रदर्शन दिवस” ने निवेश और नवाचार के क्षेत्र में एक नई उम्मीद जगा दी है। Navachar Research Incubation and Innovation Council (एनआरआईआईसी) और Arka Jain University के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित यह कार्यक्रम न केवल सफल रहा, बल्कि 11 स्टार्टअप्स के लिए ₹4.6 करोड़ के संभावित निवेश की राह भी खोल गया।
कार्यक्रम की शुरुआत पारंपरिक दीप प्रज्वलन के साथ हुई। उद्घाटन सत्र में विश्वविद्यालय के निदेशक डॉ. अमित श्रीवास्तव, बेटर वर्ल्ड फाउंडेशन के संस्थापक मनोज कुमार, एनआईटी जमशेदपुर के पूर्व प्राध्यापक डॉ. रंजीत प्रसाद सहित कई उद्योग विशेषज्ञ और निवेश जगत से जुड़े प्रमुख नाम मौजूद रहे। वक्ताओं ने एक स्वर में कहा कि पूर्वी भारत अब केवल प्रतिभा का स्रोत नहीं, बल्कि निवेश का उभरता केंद्र बन रहा है।
प्रदर्शन दिवस में कुल 16 राजस्व-आधारित स्टार्टअप्स ने अपने बिज़नेस मॉडल, स्केलेबिलिटी प्लान और निवेश प्रस्ताव प्रस्तुत किए। इनमें झारखंड (11), बिहार (3), पश्चिम बंगाल (1) और ओडिशा (1) के स्टार्टअप्स शामिल रहे। सभी स्टार्टअप्स ₹30 लाख से ₹3 करोड़ तक के निवेश की तलाश में हैं और पहले से राजस्व अर्जित कर रहे हैं।
देश के विभिन्न शहरों से आए निवेशकों—जिनमें हैदराबाद, दिल्ली, कोलकाता और पटना के प्रतिनिधि शामिल थे—ने प्रस्तुतियों के बाद विस्तृत चर्चा की। परिणामस्वरूप 11 स्टार्टअप्स में कुल ₹4.6 करोड़ के संभावित निवेश पर रुचि व्यक्त की गई। अब ये स्टार्टअप्स दूसरे चरण की वन-टू-वन मीटिंग में प्रवेश करेंगे, जहां मूल्यांकन और निवेश की औपचारिक प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।
निवेशकों ने विशेष रूप से झारखंड के तीन स्टार्टअप्स को उच्च संभावनाओं वाला बताया:
लॉजिकलेन्स, मुसाबनी (पूर्वी सिंहभूम)
ओहो लिविंग, रांची
फीडको, रांची
इन स्टार्टअप्स को उनके नवाचार, बाज़ार की समझ और विस्तार क्षमता के लिए सराहा गया। निवेशकों का मानना है कि ये उद्यम न केवल राज्य बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना सकते हैं।
कार्यक्रम की एक खास उपलब्धि यह रही कि जमशेदपुर के 20 से अधिक एंजेल निवेशकों और हाई नेटवर्थ इंडिविजुअल्स ने सक्रिय भागीदारी की। इससे स्थानीय स्तर पर निवेश संस्कृति को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है और क्षेत्रीय निवेश नेटवर्क को मजबूती मिलेगी।
कार्यक्रम को ग्रेट डिज़ाइन्स, मेरा टीवी, सीटीसी समूह, रिकोक्राफ्ट, Startup Grind, कोइनोवेट, करेकेबा वेंचर्स और Inflexion Point Ventures का सहयोग प्राप्त हुआ।
एनआरआईआईसी के संस्थापक एवं निदेशक अमर नाथ सिंह और सह-संस्थापक कार्तिक चौधरी ने बताया कि चयनित 15 स्टार्टअप्स को इन्क्यूबेशन कार्यक्रम में शामिल किया जाएगा। उन्हें अनुभवी मेंटर्स, उद्योग विशेषज्ञों और निवेश सलाहकारों का संरचित मार्गदर्शन मिलेगा।
आयोजकों ने झारखंड सरकार से भी अपील की है कि इन उच्च क्षमता वाले स्टार्टअप्स को अनुदान, प्रोत्साहन योजनाएं और संस्थागत सहयोग प्रदान किया जाए, ताकि राज्य में रोजगार और उद्यमिता को नई गति मिल सके।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह प्रदर्शन दिवस पूर्वी भारत में निवेश के नए अवसरों को जन्म देने वाला मील का पत्थर साबित हो सकता है। यदि प्रस्तावित निवेश औपचारिक समझौ
तों में बदलता है, तो यह न केवल स्टार्टअप्स बल्कि पूरे क्षेत्रीय इकोसिस्टम के लिए गेम-चेंजर साबित होगा।
जमशेदपुर ने इस आयोजन के जरिए यह संकेत दे दिया है कि पूर्वी भारत अब स्टार्टअप मानचित्र पर तेजी से उभर रहा है — और निवेशक इस बदलाव को गंभीरता से देख रहे हैं।








