Adityapur : देश की आज़ादी के महानायक नेताजी सुभाष चंद्र बोस के प्रति सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त करते हुए आदित्यपुर स्थित नेताजी सुभाष चौक पर उनकी प्रतिमा का नवीनीकरण कार्य सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। 30 दिसंबर 2025 को आयोजित एक गरिमामय समारोह में प्रसिद्ध समाजसेवी एवं श्रीलेदर्स के निदेशक शेखर डे ने नवनिर्मित प्रतिमा का विधिवत उद्घाटन एवं अनावरण किया।
इस अवसर पर उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि शेखर डे ने 30 दिसंबर की ऐतिहासिक महत्ता पर प्रकाश डाला। उन्होंने भावुक स्वर में कहा, “30 दिसंबर भारतीय इतिहास में स्वर्णिम अक्षरों में अंकित है। 1943 में आज ही के दिन नेताजी सुभाष चंद्र बोस ने अंडमान-निकोबार द्वीप समूह पर कदम रखकर उसे दासता की बेड़ियों से मुक्त कराया था। यह दिन उनके अदम्य साहस और अटूट संकल्प का प्रतीक है।”
उन्होंने वर्तमान राजनेताओं और युवाओं से नेताजी के उच्च आदर्शों, राष्ट्रप्रेम और त्याग को अपने जीवन में अपनाने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के दौरान नेताजी सुभाष मंच के अध्यक्ष पीके नंदी ने बताया कि 1944 में इसी तिथि को नेताजी ने अंडमान में पहली बार भारतीय राष्ट्रध्वज फहराया था, इसी ऐतिहासिक महत्व को ध्यान में रखते हुए प्रतिमा के अनावरण के लिए इस पावन दिवस का चयन किया गया।
समारोह में संध्या प्रधान, अंजन कुमार दास, मंजू दत्ता, असीम रॉय सहित अनेक गणमान्य नागरिक एवं नेताजी के अनुयायी उपस्थित रहे। कार्यक्रम देशभक्ति और सम्मान के भाव से ओत-प्रोत वातावरण में संपन्न हुआ।









