Jamshedpur: स्वास्थ्य सेवाओं को समुचित और सर्वसुलभ बनाने की दिशा में जिला प्रशासन सक्रिय भूमिका निभा रहा है। इसी क्रम में जमशेदपुर के उपायुक्त श्री कर्ण सत्यार्थी ने डिमना स्थित महात्मा गांधी मेमोरियल (एमजीएम) अस्पताल का विस्तृत निरीक्षण किया। निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य डिमना यूनिट को पूर्णतः सशक्त, भरोसेमंद एवं आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं से युक्त बनाना है।
निरीक्षण के दौरान उपायुक्त के साथ परियोजना निदेशक (आईटीडीए) श्री दीपांकर चौधरी, एमजीएम अधीक्षक, उपाधीक्षक डॉ. जुझार मांझी, भवन निगम के कार्यपालक अभियंता श्री उज्ज्वल नाग तथा विभिन्न विभागों के एचओडी उपस्थित थे।

निरीक्षण का मुख्य फोकस:
उपायुक्त ने जनरल, महिला, बाल, सर्जिकल, ऑर्थोपेडिक, प्रसूति, आपातकालीन वार्डों सहित काउंसिलिंग थेरेपी रूम, आईसीयू और सेफ्टिक लेबर ओटी का निरीक्षण किया। उन्होंने मरीजों की सुविधाओं की जानकारी लेने के साथ-साथ निर्देश दिया कि सूचना पट, फ्लोर इंडेक्स और साइन साइनेज हिंदी एवं स्थानीय भाषाओं में लगाए जाएं, जिससे मरीजों को आसानी हो

खुद कराए रजिस्ट्रेशन, टर्नअराउंड टाइम की जांच
निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने स्वयं रजिस्ट्रेशन काउंटर पर जाकर रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया को परखा और ओपीडी पर्ची की प्रक्रिया में लगने वाले समय (टर्नअराउंड टाइम) को जांचा।

15 जून तक ओटी शिफ्टिंग का निर्देश
उपायुक्त ने निर्देश दिया कि 15 जून तक डिमना यूनिट के ऑपरेशन थिएटर (OT) को पूरी तरह क्रियाशील बना दिया जाए। उन्होंने कहा कि शिफ्टिंग कार्य तेजी से चल रहा है और अब ज़रूरत है आपसी समन्वय के साथ मशीनों की खरीद और बुनियादी सुविधाओं के दुरुस्त किए जाने की।

स्वच्छता व आधारभूत सेवाओं की भी समीक्षा
निरीक्षण के दौरान अस्पताल की स्वच्छता, दवा वितरण प्रणाली, डॉक्टरों की उपस्थिति, प्रतीक्षा कक्ष व अन्य बुनियादी सेवाओं की गुणवत्ता की भी समीक्षा की गई। संबंधित अधिकारियों को सुधार के सख्त निर्देश दिए गए।

उद्देश्य: भरोसेमंद और सशक्त स्वास्थ्य केंद्र
उपायुक्त श्री सत्यार्थी ने स्पष्ट किया कि डिमना यूनिट को एक सुसज्जित, सेवा केंद्रित और संसाधन संपन्न अस्पताल के रूप में विकसित करना जिला प्रशासन की प्राथमिकता है, जिससे शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों के नागरिकों को समुचित स्वास्थ्य सुविधाएं सुलभ हो सकें।”









