आदित्यपुर (सरायकेला-खरसावां)
आदित्यपुर थाना अंतर्गत हरिओम नगर में पत्रकार अंकित शुभम और उनके परिवार पर हुए जानलेवा हमले के मामले में पुलिस प्रशासन हरकत में आ गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए सरायकेला के एसडीपीओ समीर कुमार सवैया स्वयं घटनास्थल पर पहुंचे और पूरे प्रकरण की गहन जांच की।
एसडीपीओ ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और मौके पर मौजूद स्थानीय नागरिकों से पूछताछ कर घटना के हर पहलू की जानकारी ली। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह मामला अब वरिष्ठ अधिकारियों की निगरानी में है और किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
छुट्टी के कारण देर हुई, अब जांच तेज” एसडीपीओ
एसडीपीओ समीर कुमार सवैया ने बताया कि घटना के दिन अवकाश में होने के कारण मामला संज्ञान में आने में थोड़ी देरी हुई, लेकिन अब जांच को तेज गति से आगे बढ़ाया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि इस मामले में स्वतंत्र गवाहों के बयान भी दर्ज किए जाएंगे ताकि सच्चाई पूरी तरह सामने आ सके।
पुलिस की बदसलूकी भी जांच के दायरे में
मामले की जांच के दौरान एक और गंभीर पहलू सामने आया है। जांचकर्ता के साथ पहुंचे पुलिसकर्मी एएसआई महेश उराव पर पत्रकार के साथ अभद्र भाषा और बदसलूकी का आरोप है।
इस पर एसडीपीओ ने साफ शब्दों में कहा कि यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो दोषी पुलिसकर्मी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई तय है।
क्या है पूरा मामला
जानकारी के अनुसार, पार्किंग विवाद को लेकर सुभाष यादव और बीएसएफ जवान संजीव कुमार सहित उनके परिजनों ने पत्रकार अंकित शुभम और उनके परिवार पर जानलेवा हमला किया था।
आरोप है कि हमलावरों ने न केवल मारपीट की, बल्कि जान से मारने की नीयत से हमला किया।
घटना के बाद से मुख्य आरोपी फरार बताए जा रहे हैं, जिससे स्थानीय नागरिकों और पत्रकार समुदाय में पुलिस की भूमिका को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
डीएसपी स्तर पर निगरानी, गिरफ्तारी की उम्मीद
इस मामले की जांच डीएसपी स्तर पर निगरानी में की जा रही है। घटनास्थल निरीक्षण के दौरान प्रशिक्षु डीएसपी पूजा कुमारी, आदित्यपुर थाना प्रभारी विनोद तिर्की सहित अन्य पुलिस अधिकारी भी मौजूद रहे।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सबूतों और गवाहों के आधार पर जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित की जाएगी।









