Guwa:भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के प्रदेश कार्यकारी सदस्य एवं सेल गुवा में बीएमएस के पूर्व जनरल सेक्रेटरी किशोर प्रसाद का पार्थिव शरीर मंगलवार को पूरे सम्मान के साथ पंचतत्व में विलीन हो गया। उनके निधन से गुवा सहित पूरे कोल्हान क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। अंतिम यात्रा में हर वर्ग और तबके के सैकड़ों लोग शामिल हुए और नम आंखों से उन्हें अंतिम विदाई दी।
बताया गया कि किशोर प्रसाद पिछले कुछ समय से अस्वस्थ चल रहे थे। इलाज के दौरान बेंगलुरु में रविवार को हृदय गति रुक जाने से उनका निधन हो गया। इसके बाद उनका पार्थिव शरीर रांची होते हुए सोमवार की देर रात गुवा लाया गया। वे लगभग 67 वर्ष के थे और अपने पीछे भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं। उनके तीन पुत्र हैं—बड़े सुपुत्र राज किशन प्रसाद, मंझले सुपुत्र राजविकास प्रसाद एवं छोटे सुपुत्र राजविशाल प्रसाद।
किशोर प्रसाद का जीवन श्रमिक आंदोलन और सामाजिक सरोकारों को समर्पित रहा। वर्ष 2019 में सेल की सेवा के दौरान उन्होंने भारतीय मजदूर संघ (बीएमएस) के अंतर्गत गुवा एवं चिड़िया माइंस के जनरल सेक्रेटरी की जिम्मेदारी निभाई। सेल गुवा के 18 माह तक बंद रहने के कठिन दौर में उन्होंने संयंत्र को पुनः चालू कराने के लिए अहम और सक्रिय भूमिका निभाई, जिसे आज भी मजदूर वर्ग याद करता है।
सेवानिवृत्ति के बाद वे राजनीति की मुख्यधारा से जुड़े और उन्हें भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा की प्रदेश कार्यकारिणी समिति का सदस्य बनाया गया। सरल स्वभाव और मृदुभाषी व्यक्तित्व के कारण वे मजदूरों और आमजन के बीच बेहद लोकप्रिय रहे।
मंगलवार को उनकी अंतिम यात्रा और अंतिम संस्कार में पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा, पूर्व सांसद गीता कोड़ा, भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के जिलाध्यक्ष शंभु हाजरा, जिला मंत्री रितेश प्रसाद सहित कई जनप्रतिनिधि, सामाजिक कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग शामिल हुए। पूरे गुवा क्षेत्र ने एक जुझारू श्रमिक नेता और संवेदनशील जनसेवक को खोने का गहरा दुख व्यक्त किया।









