Adityapur : झारखंड आंदोलन के अग्रणी योद्धा एवं प्रख्यात मजदूर नेता शहीद रतिलाल महतो का 27वां शहादत दिवस सोमवार को गम्हरिया प्रखंड के ऊपरबेड़ा स्थित उनके समाधि स्थल पर श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाया गया। आयोजित श्रद्धांजलि सभा में झामुमो नेता केपी सोरेन, विभिन्न सामाजिक एवं राजनीतिक संगठनों के प्रतिनिधियों, जनप्रतिनिधियों, मजदूर संगठनों तथा बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीणों ने पुष्प अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी।
इस अवसर पर केपी सोरेन ने कहा कि शहीद रतिलाल महतो ने झारखंड की धरती, मजदूरों के अधिकारों और सामाजिक न्याय के लिए अपना संपूर्ण जीवन समर्पित कर दिया। उनका संघर्ष, त्याग और बलिदान झारखंड के इतिहास में सदैव प्रेरणास्रोत रहेगा और राज्य उनके योगदान का ऋणी रहेगा।
उन्होंने कहा कि यह केवल श्रद्धांजलि अर्पित करने का अवसर नहीं, बल्कि शहीद रतिलाल महतो के आदर्शों और विचारों को आत्मसात करने का दिन है। उन्होंने लोगों से आह्वान किया कि वे उनके बताए मार्ग पर चलते हुए समाज, मजदूरों और झारखंड के विकास के लिए निरंतर कार्य करें। यही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
केपी सोरेन ने कहा कि रतिलाल महतो ने जीवनभर मजदूरों की आवाज बुलंद की और उनके अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष किया। आज भी श्रमिकों के हितों की सुरक्षा, रोजगार के अवसरों में वृद्धि और सामाजिक न्याय सुनिश्चित करने के लिए उसी प्रतिबद्धता के साथ काम करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि जल्द ही वे शहीद रतिलाल महतो के परिजनों से मुलाकात करेंगे तथा मजदूर हितों से जुड़े मुद्दों पर व्यापक रणनीति तैयार की जाएगी।
श्रद्धांजलि सभा में उपस्थित अन्य वक्ताओं ने भी शहीद रतिलाल महतो के संघर्षपूर्ण जीवन, सामाजिक योगदान और झारखंड आंदोलन में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका को याद किया। सभी ने उनके अधूरे सपनों को साकार करने तथा मजदूरों के अधिकारों की रक्षा के लिए एकजुट होकर कार्य करने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम में विभिन्न सामाजिक एवं राजनीतिक संगठनों के प्रतिनिधि, क्षेत्र के गणमान्य नागरिक, मजदूर संगठन के सदस्य और बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीण उपस्थित रहे।









