Potka : पोटका प्रखंड क्षेत्र में बढ़ते ब्रेन मलेरिया के मामलों को देखते हुए डोमजूरी पंचायत की मुखिया अनीता मुर्मू की पहल पर शुक्रवार को उत्क्रमित उच्च विद्यालय डोमजुड़ी एवं उत्क्रमित उच्च विद्यालय राजदोहा में विद्यालय प्रबंधन समिति (एसएमसी) की बैठक आयोजित की गई। बैठक का उद्देश्य अभिभावकों, विद्यार्थियों और ग्रामीणों को ब्रेन मलेरिया के प्रति जागरूक करना था।
बैठक में मुखिया अनीता मुर्मू ने कहा कि ब्रेन मलेरिया एक गंभीर और जानलेवा बीमारी है, इसलिए इसके लक्षण दिखाई देने पर किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरतनी चाहिए। उन्होंने बताया कि यदि किसी व्यक्ति को तेज बुखार, सिरदर्द, उल्टी, कंपकंपी, अत्यधिक कमजोरी या बेहोशी जैसे लक्षण हों तो झाड़-फूंक या घरेलू उपचार में समय गंवाने के बजाय तुरंत निकटतम स्वास्थ्य केंद्र जाकर मलेरिया की जांच और उपचार कराना चाहिए।
उन्होंने कहा कि सुदूर ग्रामीण क्षेत्रों में कई लोग संक्रमित होने के बावजूद समय पर दवा का सेवन नहीं करते, जिसके कारण बीमारी गंभीर हो जाती है और कई बार जान भी चली जाती है। उन्होंने सभी से मच्छरदानी के उपयोग सहित बचाव के सभी उपाय अपनाने की अपील की।
बैठक में उपस्थित एएनएम रीना कुमारी ने भी ब्रेन मलेरिया के लक्षण, बचाव के उपाय तथा समय पर जांच एवं उपचार के महत्व की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने लोगों से स्वास्थ्य संबंधी किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरतने का आग्रह किया।
बैठक के दौरान उत्क्रमित उच्च विद्यालय राजदोहा में विद्यालय प्रबंधन समिति (एसएमसी) के अध्यक्ष का चुनाव भी संपन्न हुआ, जिसमें राजा राम सोरेन सर्वसम्मति से अध्यक्ष निर्वाचित हुए।
गौरतलब है कि 29 जून को पोटका के प्रखंड विकास पदाधिकारी अरुण कुमार मुंडा एवं अंचलाधिकारी निकिता बाला ने सभी पंचायत प्रतिनिधियों को पत्र जारी कर ब्रेन मलेरिया के प्रति व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाने के निर्देश दिए थे।
इस अवसर पर जिला परिषद सदस्य हिरणमय दास, मुखिया अनीता मुर्मू, उपमुखिया जयगोपाल दास, पंचायत समिति सदस्य ज़ालिम मार्डी, पंचायत सचिव अमित रोशन बाड़ा, एएनएम रीना कुमारी, वार्ड सदस्य कुंभवती सरदार, विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाएं, अभिभावक एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।









