Potka:ग्रामीण क्षेत्र में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा को सुलभ कराने की दिशा में एक अहम पहल करते हुए पोटका के विधायक संजीव सरदार ने जुड़ी पंचायत अंतर्गत हाता स्थित टाटा रोड भेलाईटांड़ में नि:शुल्क कोचिंग एवं कंप्यूटर सेंटर भवन निर्माण कार्य का शनिवार को शिलान्यास किया। यह केंद्र कक्षा 8 से 10 तक के छात्र-छात्राओं के लिए मैट्रिक परीक्षा, विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी और कंप्यूटर शिक्षा पूरी तरह नि:शुल्क उपलब्ध कराएगा।
शिलान्यास कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक संजीव सरदार ने कहा कि “शिक्षा ही सशक्त समाज की नींव है। शिक्षा से व्यक्ति आत्मनिर्भर बनता है और समाज को नई दिशा देता है।” उन्होंने कहा कि यह कोचिंग सेंटर उनका चुनावी वादा था, जिसे अब धरातल पर उतारा जा रहा है। पोटका में डिग्री कॉलेज का शिलान्यास और कई स्कूलों को +2 में अपग्रेड किया जाना इसी सोच का परिणाम है। आने वाले समय में पोटका विधानसभा क्षेत्र शिक्षा के क्षेत्र में एक नई पहचान बनाएगा।
विधायक ने छात्र-छात्राओं से आह्वान किया कि वे इस सुविधा का अधिकतम लाभ उठाकर अपने भविष्य को मजबूत करें और क्षेत्र का नाम रोशन करें।
तिरिंग गांव में 13 लाख से बनेगा मत्स्य विभाग का गार्ड रूम
इसी क्रम में जुड़ी पंचायत के तिरिंग गांव में मत्स्य विभाग की भूमि पर 13 लाख रुपये की लागत से बनने वाले दो कमरों के गार्ड रूम निर्माण कार्य का भी विधायक संजीव सरदार ने शिलान्यास किया। यह गार्ड रूम मत्स्य विभाग के पांच तालाबों की सुरक्षा और देखरेख के लिए बनाया जा रहा है। भवन निर्माण विभाग द्वारा कराए जा रहे इस कार्य से क्षेत्र में मत्स्य उत्पादन को बढ़ावा मिलेगा। करीब चार दशक बाद तिरिंग में पुनः मत्स्य उत्पादन शुरू होने से ग्रामीणों में खासा उत्साह देखा गया।
विधायक जन-जन के वादों पर खरे उतर रहे हैं : सुधीर सोरेन
झामुमो पोटका प्रखंड अध्यक्ष सुधीर सोरेन ने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में झारखंड सरकार जनहित के कार्यों को प्राथमिकता दे रही है। पेसा कानून लागू कर ग्रामसभा को सशक्त बनाया गया है। उन्होंने कहा कि विधायक संजीव सरदार अपने सभी चुनावी वादों को चरणबद्ध तरीके से पूरा कर रहे हैं, जिससे पोटका क्षेत्र में विकास की रफ्तार तेज हुई है।
कार्यक्रम में मुखिया सुकलाल सरदार, कार्तिक मुर्मू, पूर्व पार्षद चंद्रावती महतो, हीरामणि मुर्मू, झामुमो नेता सुनील महतो, बबलू चौधरी, भुवनेश्वर सरदार, विधासागर दास, हितेश भगत, बिरेन पात्र, रमेश सोरेन, रोहितोष पाल, फलिन्दर गोप, जिकरुल होदा, डोबो चाकिया सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे।









