Jamshedpur : टाटा स्टील एडवेंचर फाउंडेशन (TSAF) और स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (सेल) के प्रबंधन प्रशिक्षण संस्थान (एमटीआई) के बीच आउटबाउंड लीडरशिप डेवलपमेंट कार्यक्रमों को निरंतर जारी रखने और उन्हें और अधिक सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए हैं।
टाटा स्टील एडवेंचर फाउंडेशन वर्ष 2017 से सेल के साथ मिलकर कार्य कर रहा है। बीते आठ वर्षों में टीएसएएफ द्वारा 100 से अधिक साहसिक गतिविधियों पर आधारित अनुभवात्मक शिक्षण कार्यक्रमों का सफल संचालन किया गया है, जिनमें 2,000 से अधिक सेल कर्मचारियों ने भाग लिया है। इन कार्यक्रमों का उद्देश्य नेतृत्व क्षमता, टीमवर्क, सहनशीलता तथा व्यक्तिगत विकास को बढ़ावा देना है, जिसके लिए आउटडोर और एडवेंचर गतिविधियों को सीखने के प्रभावी माध्यम के रूप में अपनाया गया है।
नवीनीकृत समझौता ज्ञापन 25 जनवरी 2026 से 25 जनवरी 2028 तक प्रभावी रहेगा। इसके तहत संरचित अनुभवात्मक विकास हस्तक्षेपों के माध्यम से सेल में सीखने के परिणामों, कर्मचारी सहभागिता और नेतृत्व क्षमताओं को और अधिक सशक्त बनाने पर जोर दिया जाएगा।
इस समझौते पर टाटा स्टील एडवेंचर फाउंडेशन की ओर से टाटा स्टील के कॉर्पोरेट सर्विसेज के वाइस प्रेसिडेंट एवं टीएसएएफ के चेयरमैन डी. बी. सुंदरा रामम ने हस्ताक्षर किए, जबकि सेल की ओर से प्रबंधन प्रशिक्षण संस्थान (एमटीआई), सेल के कार्यकारी निदेशक (ह्यूमन रिसोर्सेज–लर्निंग एंड डेवलपमेंट) संजय धर ने दस्तखत किए।
हस्ताक्षर समारोह में टाटा स्टील की ओर से चीफ स्पोर्ट्स मुकुल विनायक चौधरी तथा स्पोर्ट्स एकेडमीज एंड एडवेंचर प्रोग्राम के प्रमुख एवं टीएसएएफ के मैनेजिंग ट्रस्टी हेमंत गुप्ता उपस्थित थे। वहीं सेल की ओर से एमटीआई के जनरल मैनेजर इंचार्ज (एचआर–लर्निंग एंड डेवलपमेंट) अतनु मुखर्जी एवं सीनियर मैनेजर (एचआर–एलएंडडी) निहारिका भी कार्यक्रम में मौजूद रहीं। इस निरंतर साझेदारी के माध्यम से टीएसएएफ और सेल ने अनुभवात्मक एवं आउटडोर शिक्षण के जरिए सक्षम, आत्मविश्वासी और भविष्य के लिए तैयार नेतृत्व विकसित करने की अपनी साझा प्रतिबद्धता को दोहराया है।









