Adityapur : महिला एवं बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए सरायकेला-खरसावां पुलिस ने वर्ष 2025 में एक उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। भारत सरकार के गृह मंत्रालय की महत्वाकांक्षी योजना इन्वेस्टिगेशन ट्रैकिंग सिस्टम फॉर सेक्सुअल ऑफेंसेस (ITSSO) के तहत जिले ने महिला एवं बच्चों के विरुद्ध दर्ज यौन अपराध के मामलों में शत-प्रतिशत (100%) अनुसंधान अनुपालन दर प्राप्त की है।
ITSSO एक ऑनलाइन ट्रैकिंग प्रणाली है, जिसका उद्देश्य बलात्कार सहित यौन अपराधों के मामलों में समयबद्ध अनुसंधान सुनिश्चित करना और कानून द्वारा निर्धारित अवधि के भीतर आरोपपत्र दाखिल कर पीड़ितों को त्वरित न्याय दिलाना है। यह प्रणाली अनुसंधान की हर चरण पर निगरानी रखती है, जिससे किसी भी स्तर पर देरी की संभावना कम हो जाती है।
पुलिस विभाग से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार, 01 जनवरी 2025 से 31 दिसंबर 2025 के बीच जिले में महिला एवं बच्चों के विरुद्ध यौन अपराध से संबंधित कुल 33 कांड दर्ज किए गए। इनमें से 30 मामलों में 60 दिनों की निर्धारित समय सीमा के भीतर अनुसंधान पूर्ण कर आरोपपत्र दाखिल किया गया। शेष 3 मामलों की वैधानिक अवधि अभी पूरी नहीं हुई है, लेकिन उनमें अभियुक्तों की गिरफ्तारी की जा चुकी है और अनुसंधान अंतिम चरण में है। पुलिस का दावा है कि इन मामलों में भी समयसीमा के भीतर आरोपपत्र समर्पित कर दिया जाएगा।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, सभी मामलों में ITSSO के दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन किया गया है, जिसके परिणामस्वरूप जिले ने 100% अनुपालन दर बनाए रखी है। यह उपलब्धि दर्शाती है कि सरायकेला-खरसावां पुलिस महिला एवं बच्चों के खिलाफ होने वाले यौन अपराधों के प्रति जीरो टॉलरेंस नीति अपनाते हुए पूरी संवेदनशीलता, तत्परता और जिम्मेदारी के साथ कार्य कर रही है।
पुलिस प्रशासन का मानना है कि समयबद्ध अनुसंधान न केवल पीड़ितों को शीघ्र न्याय दिलाने में सहायक होता है, बल्कि समाज में कानून के प्रति विश्वास भी मजबूत करता है। आने वाले समय में भी महिला एवं बच्चों की सुरक्षा को लेकर इसी प्रतिबद्धता के साथ कार्य किए जाने का भरोसा पुलिस ने जताया है।









