Jamshedpur : केरल समाजम मॉडल स्कूल (केएसएमएस) की मेजबानी में आयोजित स्वर्गीय ए.पी.आर. नायर मेमोरियल आमंत्रण बास्केटबॉल टूर्नामेंट के पांचवें संस्करण का बुधवार को सफलतापूर्वक समापन हुआ। दो दिवसीय प्रतियोगिता में बालक एवं बालिका वर्ग की कुल 16 टीमों ने हिस्सा लिया। खिलाड़ियों ने पूरे टूर्नामेंट के दौरान शानदार खेल कौशल, अनुशासन, टीम भावना और खेल भावना का प्रदर्शन किया।
प्रतियोगिता में केपीएस कदमा, केपीएस बर्मामाइंस, केपीएस मानगो, केपीएस गम्हरिया, एनएमएल पब्लिक स्कूल, लोयोला टेल्को, केरल समाजम हिंदी स्कूल और केरल समाजम मॉडल स्कूल की टीमों ने हिस्सा लिया।
उद्घाटन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में के. मुरलीधरन उपस्थित रहे, जबकि समापन समारोह के मुख्य अतिथि टी.ए. राधाकृष्णन थे। प्रतियोगिता का आयोजन स्कूल की अकादमिक निदेशक नंदिनी शुक्ला, प्राचार्या रीना बनर्जी, प्रधानाध्यापिका सुजाता सिंह, उप प्राचार्य ए.एल. अब्राहम और रजिस्ट्रार वृंदा सुरेश के मार्गदर्शन में किया गया।
प्रतियोगिता के सफल संचालन में स्कूल के खेल विभाग से जुड़े दीपक जगन, शाहबाज खान, अंजनी कुमारी, निहाल सिंह और निशा ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
बालिका वर्ग में बर्मामाइंस चैंपियन
बालिका वर्ग में केपीएस बर्मामाइंस ने शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक पर कब्जा जमाया। केपीएस कदमा की टीम ने रजत पदक हासिल किया, जबकि लोयोला टेल्को की टीम कांस्य पदक की हकदार बनी।
बालक वर्ग में भी बर्मामाइंस का जलवा
बालक वर्ग में भी केपीएस बर्मामाइंस ने अपना दबदबा कायम रखते हुए स्वर्ण पदक जीता। एनएमएल पब्लिक स्कूल को रजत और केपीएस कदमा को कांस्य पदक से संतोष करना पड़ा। इस तरह बर्मामाइंस की टीम ने बालक और बालिका दोनों वर्गों में स्वर्ण पदक जीतकर प्रतियोगिता में दोहरी सफलता हासिल की।
अंश और सुलग्ना बने सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी
बालक वर्ग में केपीएस बर्मामाइंस के अंश को सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी चुना गया। वहीं बालिका वर्ग में इसी विद्यालय की सुलग्ना ने सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी का पुरस्कार अपने नाम किया।
समापन समारोह में विद्यालय प्रबंधन ने सभी विजेता टीमों एवं प्रतिभागी खिलाड़ियों को बधाई दी। साथ ही प्रतियोगिता को सफल बनाने में सहयोग देने वाले प्रशिक्षकों, अधिकारियों, अभिभावकों और खेलप्रेमियों के प्रति आभार व्यक्त किया।
विद्यालय प्रबंधन ने कहा कि इस तरह की प्रतियोगिताएं युवा खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का मंच देने के साथ-साथ उनमें अनुशासन, टीमवर्क और खेल भावना विकसित करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
















