Jamshedpur:मोदी सरकार द्वारा बीमा क्षेत्र में 100 प्रतिशत विदेशी निवेश (FDI) को अनुमति देने वाले प्रस्तावित बिल के खिलाफ मंगलवार शाम जमशेदपुर में बैंक और बीमा कर्मचारियों का गुस्सा सड़कों पर दिखा। बैंक इम्प्लाईज और अधिकारियों के संयुक्त संगठन यूएफबीयू तथा बीमा कर्मचारियों के संगठन आईईएजेडी के संयुक्त तत्वावधान में बिस्टुपुर स्थित पोस्टल पार्क के पास सशक्त विरोध प्रदर्शन किया गया।
प्रदर्शन में बड़ी संख्या में बैंक और बीमा क्षेत्र से जुड़े कर्मचारी शामिल हुए। हाथों में तख्तियां और जुबां पर नारे—“बीमा क्षेत्र में 100% एफडीआई नहीं चलेगा”, “सरकारी बैंकों का निजीकरण बंद करो”—के साथ कर्मचारियों ने सरकार के फैसले के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराया।
इस मौके पर आयोजित नुक्कड़ सभा को एआईबीओसी के क़मरुद्दीन मंज़ूर, आईईएजेडी के महासचिव सुभाष कर्ण, बेफी के जिलाध्यक्ष सुजय राय और डी.एन. सिंह ने संबोधित किया। वक्ताओं ने एक स्वर में कहा कि बीमा क्षेत्र में 100 प्रतिशत विदेशी निवेश की अनुमति देश के आर्थिक हितों के खिलाफ है और इससे भारतीय बैंकिंग व बीमा क्षेत्र की स्वायत्तता पर गंभीर असर पड़ेगा।
नेताओं ने चेताया कि ऐसे फैसले केवल कर्मचारियों के भविष्य को ही नहीं, बल्कि आम जनता की जमा पूंजी और सामाजिक सुरक्षा व्यवस्था को भी जोखिम में डाल सकते हैं। उन्होंने सरकार से इस प्रस्ताव को तत्काल वापस लेने की मांग की और कहा कि यदि मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने आम जनता के बीच इस मुद्दे पर व्यापक जागरूकता फैलाने की आवश्यकता पर भी जोर दिया। शाम के समय हुए इस विरोध प्रदर्शन ने स्थानीय लोगों का भी ध्यान खींचा और यह चर्चा का विषय बन गया।









