Chaibasa : टाटा डी.ए.वी. पब्लिक स्कूल, नोवामुंडी में महान गणितज्ञ श्रीनिवास रामानुजन की 138वीं जयंती श्रद्धा एवं उत्साह के साथ मनाई गई। कार्यक्रम का शुभारंभ प्रार्थना सभा में विद्यालय के संगीत शिक्षक अरविंद कुमार ठाकुर के नेतृत्व में संगीत मंडली द्वारा गणित से संबंधित गीत-संगीत की प्रस्तुति के साथ हुआ। इस अवसर पर विद्यालय के प्राचार्य प्रशांत कुमार भूयान सहित सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं ने श्रीनिवास रामानुजन की तस्वीर पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी।
कार्यक्रम के प्रमुख वक्ता गणित शिक्षक पवित्र शंकर पात्र ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए श्रीनिवास रामानुजन के जीवन एवं गणित में उनके अद्वितीय योगदान पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि रामानुजन की जयंती के उपलक्ष्य में पूरे भारत में राष्ट्रीय गणित दिवस मनाया जाता है, जिसका उद्देश्य गणित के महत्व एवं उनके योगदान के प्रति जागरूकता बढ़ाना है। उन्होंने बताया कि रामानुजन का जन्म 22 दिसंबर 1887 को तमिलनाडु के इरोड में हुआ था तथा उन्होंने विशेष रूप से संख्या सिद्धांत और अनंत श्रृंखला के क्षेत्र में अमूल्य योगदान दिया। 26 अप्रैल 1920 को उनका निधन हो गया।
विद्यालय के प्राचार्य प्रशांत कुमार भूयान ने अपने संबोधन में कहा कि श्रीनिवास रामानुजन बचपन से ही गणित में विलक्षण प्रतिभा के धनी थे और 12 वर्ष की आयु में ही त्रिकोणमिति में महारत हासिल कर ली थी। वे स्व-शिक्षित थे। उन्होंने विद्यार्थियों से अपील की कि वे अपने भीतर छिपी प्रतिभा को पहचानें और उसे निखारने का प्रयास करें।
कार्यक्रम के अंतर्गत भाषण, गणितीय प्रस्तुतीकरण एवं कूट प्रश्नोत्तरी का आयोजन किया गया। धन्यवाद ज्ञापन शिक्षक श्री सुरेश पंडा द्वारा किया गया। तकनीकी सहयोग में शिक्षिका कुसुम कुमारी एवं जे. रमा का योगदान रहा। अनुशासन व्यवस्था बनाए रखने में क्रीड़ा शिक्षक हर्ष धनवार एवं शिक्षक राजेश राम ने सराहनीय भूमिका निभाई। कार्यक्रम का समापन शांति पाठ एवं राष्ट्रगान के साथ हुआ।









