Adityapur : झारखंड मुक्ति मोर्चा के केंद्रीय सदस्य गणेश महाली ने पूर्व मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन के हालिया बयानों पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि चंपाई सोरेन ‘भोगनाडीह’ के मुद्दे को ढाल बनाकर संथाल परगना के आदिवासियों को भ्रमित करने और राज्य सरकार की छवि धूमिल करने का प्रयास कर रहे हैं।
गणेश महाली ने कहा कि चंपाई सोरेन बार-बार सरकार को चुनौती देने की बातें करते हैं, लेकिन जमीनी हकीकत यह है कि वे केवल जनता को गुमराह करने का काम कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्व मुख्यमंत्री अपनी राजनीतिक नाकामियों को छिपाने के लिए अब ‘आदिवासी कार्ड’ खेल रहे हैं और सरकार के खिलाफ बेबुनियाद आरोपों व झूठी साजिशों का सहारा ले रहे हैं।
महाली ने कहा कि संथाल परगना में चंपाई सोरेन की राजनीति पूरी तरह विफल हो चुकी है। इसी हताशा के कारण वे तथ्यहीन और गैर-जिम्मेदाराना बयान दे रहे हैं। उन्होंने ‘हूल दिवस’ का उल्लेख करते हुए कहा कि उस अवसर पर उमड़ी भारी भीड़ ने यह साफ कर दिया है कि झारखंड की वर्तमान सरकार ही आदिवासियों और मूलवासियों की सच्ची हितैषी है।
उन्होंने जनता से सतर्क रहने की अपील करते हुए कहा कि चंपाई सोरेन केवल अपनी राजनीतिक जमीन बचाने के लिए संथाल परगना की जनता को गुमराह करने का प्रयास कर रहे हैं। हालांकि, राज्य की जनता अब उनके इन हथकंडों को भली-भांति समझ चुकी है और सच को पहचान रही है।









