Guaa: गुवा थाना क्षेत्र के काशिया पेचा गांव में रविवार को 11 गांवों के ग्रामीणों की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता काशिया पेचा के मुंडा मंगता सुरीन ने की, जिसमें मुंडा, मानकी, डाकुआ समेत बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि गुवा सेल की प्रस्तावित राजाबुरु खदान में 75 प्रतिशत रोजगार स्थानीय बेरोजगार युवक-युवतियों को दिया जाए। ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र की प्राकृतिक संपदा का दोहन हो रहा है, ऐसे में प्राथमिकता स्थानीय युवाओं को मिलनी चाहिए।
ग्रामीणों ने बताया कि इस मांग को लेकर 13 फरवरी को Steel Authority of India Limited (सेल) प्रबंधन को लिखित मांग पत्र सौंपा गया था। हालांकि, अब तक प्रबंधन की ओर से कोई ठोस पहल या सकारात्मक प्रतिक्रिया नहीं मिली है। इससे ग्रामीणों में असंतोष और आक्रोश बढ़ता जा रहा है।
बैठक में चेतावनी दी गई कि यदि शीघ्र ही मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो राजाबुरु खदान का उत्पादन कार्य बाधित किया जाएगा और चक्का जाम आंदोलन किया जाएगा। ग्रामीणों ने स्पष्ट किया कि ऐसी स्थिति की पूरी जिम्मेदारी सेल प्रबंधन की होगी।
बैठक में जोजोगुटू गांव के राजेश सांडिल, सोनापी गांव के पूर्व जिला परिषद सदस्य बामिया मांझी, काशिया पेचा के मुंडा सिंगा सुरीन सहित अमन चाम्पिया, मानसिंह चाम्पिया, नंदलाल सुरीन, बिरसा चाम्पिया, मुन्नी देवगम, अर्जुन चाम्पिया, जेना वाडिंग, बेसरा चाम्पिया, मंगल सिद्धू, रोया मुमुई, कांडे चाम्पिया और उरदुब चाकिया समेत अनेक ग्रामीण मौजूद थे। ग्रामीणों ने दो टूक कहा कि स्थानीय युवाओं की अनदेखी अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी और रोजगार सुनिश्चित होने तक आंदोलन जारी रहेगा।








