Ghatshila:घाटशिला अनुमंडल के लिए यह गर्व का क्षण है। अंतरराष्ट्रीय क्योंकुशिन रियल फाइटिंग फुल कॉन्टैक्ट कराटे प्रतियोगिता में शानदार प्रदर्शन कर विजेता बने दो होनहार कराटेकार स्वाति हेंब्रम और संदीपन पालोई को भाजपा के पूर्व प्रत्याशी बाबूलाल सोरेन रविवार 11 जनवरी 2026 को सम्मानित करेंगे।
स्वाति हेंब्रम, पाथरगोड़ा (मुसाबनी) निवासी हैं और सेंट्रल स्कूल सुरदा की कक्षा 7वीं ‘ए’ की छात्रा हैं, जबकि दाहीगोड़ा निवासी संदीपन पालोई इसी विद्यालय की कक्षा 8वीं ‘ए’ के छात्र हैं। दोनों छात्र-छात्राओं ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर घाटशिला अनुमंडल का नाम रोशन किया है।
घाटशिला के कराटे प्रशिक्षक डाई शिहान उमेश कांत गिरि ने जानकारी देते हुए बताया कि अंतरराष्ट्रीय क्योंकुशिन रियल फाइटिंग फुल कॉन्टैक्ट कराटे कप 2025 का आयोजन पश्चिम बंगाल के पायराडांगा में 26 से 28 दिसंबर 2025 तक किया गया था। यह तीन दिवसीय प्रतियोगिता ऑल इंडिया क्योंकुशिन कराटे एसोसिएशन के तत्वावधान में, संस्था प्रमुख शिहान महादेव ब्रह्मा (6th डॉन ब्लैक बेल्ट, जापान) के नेतृत्व में आयोजित हुई।
इस प्रतियोगिता में रूस, नेपाल सहित भारत के विभिन्न राज्यों से करीब 350 से अधिक प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। खास बात यह रही कि पूरे झारखंड से केवल घाटशिला अनुमंडल के यही दो खिलाड़ी भारतीय टीम में चयनित हुए और दोनों ने विजेता बनकर क्षेत्र को गौरवान्वित किया।
प्रशिक्षक उमेश कांत गिरि ने बताया कि स्वाति और संदीपन ने उनके सानिध्य में केवल तीन महीने के प्रशिक्षण में ही पहली बार किसी अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में भाग लिया और सीधे जीत दर्ज की। इससे पहले दोनों को किसी भी अन्य प्रतियोगिता में भाग लेने का कोई अनुभव नहीं था, फिर भी उन्होंने असाधारण प्रदर्शन किया।
प्रतियोगिता से पूर्व दोनों खिलाड़ी 19 से 25 दिसंबर तक पायराडांगा में आयोजित प्रशिक्षण शिविर में शामिल हुए थे, जिसका लाभ उन्हें प्रतियोगिता में मिला। प्रतियोगिता के बाद दोनों ने कराटे बेल्ट ग्रेडिंग प्रमोशन टेस्ट में भी हिस्सा लिया और डबल प्रमोशन के तहत 8वां क्यु (ब्लू बेल्ट) उत्कृष्ट अंकों के साथ प्राप्त किया।
पूरे प्रशिक्षण शिविर और प्रतियोगिता के दौरान स्वाति हेंब्रम के पिता आनंद हेंब्रम भी साथ मौजूद रहे, जिन्होंने बच्चों का मनोबल बढ़ाया।
अब रविवार को होने वाला सम्मान समारोह न सिर्फ इन दोनों प्रतिभाशाली खिलाड़ियों के लिए, बल्कि पूरे घाटशिला क्षेत्र के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगा।









