Jamshedpur : भारी बारिश के बावजूद घाटशिला रेलवे स्टेशन पर झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के नेतृत्व में जोरदार धरना-प्रदर्शन हुआ। सवारी ट्रेनों की लगातार देरी, बुनियादी यात्री सुविधाओं की बदहाली और प्रशासनिक उदासीनता को लेकर यह आंदोलन किया गया। वरीय कांग्रेस नेता तापस चटर्जी की अगुवाई में हुए इस प्रदर्शन में कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ बड़ी संख्या में स्थानीय लोग शामिल हुए।
धरना के दौरान स्टेशन परिसर में टेंट लगाकर बारिश के बीच रेलवे प्रशासन को चेतावनी दी गई कि यदि ट्रेनों की समयसारिणी दुरुस्त नहीं की गई और नागरिक सुविधाओं में सुधार नहीं हुआ, तो कांग्रेस पार्टी आगामी दिनों में रेल चक्का जाम जैसे उग्र आंदोलन को बाध्य होगी।
प्रदर्शन के बाद कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने स्टेशन प्रबंधक को ज्ञापन सौंपते हुए गरीब यात्रियों, मजदूरों और छात्रों की समस्याओं की ओर ध्यान दिलाया।
धरने में बताया गया कि घाटशिला रूट पर चलने वाली लोकल सवारी ट्रेनें लगातार 7 से 8 घंटे देरी से चल रही हैं। इससे दिहाड़ी मजदूर, छात्र और आम जनता को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है।
पूर्व में 5 जुलाई को खड़गपुर डीआरएम को इसी मुद्दे पर ज्ञापन सौंपा गया था, जिसमें 15 दिन में सुधार का आश्वासन दिया गया था। लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।
प्रमुख मांगें इस प्रकार हैं:
✔ लोकल ट्रेनों का नियमित समय पालन सुनिश्चित किया जाए।
✔ स्टेशन पर कोच इंडिकेटर की तत्काल व्यवस्था हो।
✔ स्वच्छ पेयजल और महिला-पुरुष शौचालयों की समुचित व्यवस्था हो।
✔ घोषणाओं में बंगाली भाषा को भी शामिल किया जाए।
✔ आरक्षण काउंटर की संख्या बढ़ाई जाए और समय सीमा सुबह 8 बजे से रात 9 बजे तक की जाए।
✔ स्टेशन की प्रकाश व्यवस्था को भी दुरुस्त किया जाए।
तापस चटर्जी, सचिव – झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने कहा कि “रेल प्रशासन अप्रैल फूल जैसा झूठा आश्वासन देकर जनता की भावनाओं से खेल रहा है। अगर जल्द सुधार नहीं हुआ तो कांग्रेस आंदोलन को और व्यापक करेगी।”
मौके पर उपस्थित प्रमुख कार्यकर्ताओं में कन्हैया शर्मा, नरेश महाकुड़, शमशेर खान, शेख फारूक, लक्ष्मण चंद्र बाग, सुब्रतो दत्ता, शैलेन सेन, समेत दर्जनों कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद थे। रेलवे प्रशासन की निष्क्रियता से नाराज़ जनता अब ठोस कार्रवाई की मांग कर रही है। यह धरना न सिर्फ एक चेतावनी है, बल्कि आने वाले समय में एक बड़े आंदोलन की भूमिका भी तय कर रहा है।









