राँची/जमशेदपुर, 8 जून 2025:
झारखंड के वरिष्ठ समाजसेवी और ‘नमन – शहीदों के सपनों को’ संगठन के संस्थापक अध्यक्ष अमरप्रीत सिंह काले ने आज राँची स्थित बिरसा मुण्डा एयरपोर्ट का नाम बदलकर “भगवान बिरसा मुण्डा एयरपोर्ट” रखने की मांग करते हुए राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को एक भावनात्मक पत्र भेजा है।
काले ने बताया कि राँची से दिल्ली की यात्रा के दौरान जब उन्होंने विमान उद्घोषणा में “बिरसा मुण्डा एयरपोर्ट” सुना, तो उन्हें यह महसूस हुआ कि यह संबोधन झारखंड के जननायक धरती आबा बिरसा मुण्डा के बलिदान और उनके ऐतिहासिक योगदान को संपूर्ण आदर नहीं देता। उन्होंने पत्र में लिखा कि ‘भगवान’ बिरसा मुण्डा कहकर ही उन्हें सच्ची श्रद्धांजलि दी जा सकती है, क्योंकि राज्य की जनजातीय चेतना में उनका स्थान ईश्वर तुल्य है।
उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि स्वयं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, राज्य के मुख्यमंत्री और अन्य शीर्ष नेता सार्वजनिक मंचों से बिरसा मुण्डा को “भगवान” की उपाधि से संबोधित करते हैं। ऐसे में एयरपोर्ट का नाम आधिकारिक रूप से “भगवान बिरसा मुण्डा एयरपोर्ट” करना एक सांस्कृतिक और ऐतिहासिक न्याय होगा।



काले ने यह मांग प्रधानमंत्री कार्यालय, राज्यपाल, नागरिक उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया समेत संबंधित सभी शीर्ष अधिकारियों को भी ईमेल और सोशल मीडिया माध्यम से भेजी है।
उन्होंने इस अवसर को और भी प्रासंगिक बताते हुए कहा कि 9 जून को भगवान बिरसा मुण्डा का बलिदान दिवस है और ऐसे में इस मांग पर सकारात्मक निर्णय झारखंड के लिए गौरवपूर्ण होगा।
अमरप्रीत सिंह काले को उम्मीद है कि झारखंड सरकार इस मुद्दे पर शीघ्र संवेदनशील और सकारात्मक निर्णय लेगी, जिससे आने वाली पीढ़ियाँ भगवान बिरसा मुण्डा के योगदान को और गहराई से समझ सकें।









